अतुल्य छत्तीसगढ़ दर्शन (Incredible CG)

छत्तीसगढ़ पर्यटन एवं दर्शनीय स्थल

जलप्रपात, सुरम्य हिल स्टेशन, 1000 वर्ष प्राचीन शक्तिपीठ, गुफाएं, राष्ट्रीय उद्यान और ऐतिहासिक धरोहरों की सम्पूर्ण गाइड।

संभाग:

पर्यटन स्थल सूची 16 स्थल उपलब्ध

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चित्रकोट जलप्रपात - भारत का नियाग्रा

Chitrakote Waterfall

इंद्रावती नदी पर स्थित 95 फीट ऊंचा देश का सबसे चौड़ा (लगभग 300 मीटर) जलप्रपात। घोड़े की नाल के आकार में बहता यह प्रपात बस्तर का सबसे प्रमुख प्राकृतिक आकर्षण है।

• घोड़े की नाल का विहंगम पाट • इंद्रावती नदी • बोटिंग व सनसेट व्यू • बस्तर की पहचान

मैनपाट - छत्तीसगढ़ का शिमला

Mainpat Hill Station

विंध्य पर्वतमाला पर समुद्र तल से 3,781 फीट की ऊंचाई पर स्थित प्राकृतिक हिल स्टेशन। यहां का उल्टा पानी (जलधारा ऊपर बहना), टाइगर पॉइंट और तिब्बती बौद्ध मठ विख्यात हैं।

• उल्टा पानी (Anti-gravity) • टाइगर पॉइंट • तिब्बती बौद्ध मंदिर • जलजली (कंपन वाली जमीन)
जलप्रपात बस्तर

तीरथगढ़ जलप्रपात एवं कांगेर घाटी

Tirathgarh Falls & Kanger Valley

मुनगाबहार नदी पर 300 फीट की ऊंचाई से सीढ़ीदार रूप में गिरता दूधिया जलप्रपात। कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित यह स्थल सघन साल वनों से घिरा है।

• 300 फीट सीढ़ीदार प्रपात • कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान • कुटुमसर गुफा के समीप • नेचर ट्रेकिंग
ऐतिहासिक धरोहर कबीरधाम (कवर्धा)

भोरमदेव मंदिर - छत्तीसगढ़ का खजुराहो

Bhoramdeo Ancient Temple

फणी नागवंश के राजा गोपाल देव द्वारा 11वीं शताब्दी में निर्मित नागर शैली का अद्वितीय शिव मंदिर। मैकल पर्वतमाला की तलहटी में स्थित यह उत्कृष्ट स्थापत्य कला का केंद्र है।

• 11वीं सदी का नागर शिल्प • फणी नागवंश धरोहर • मैकल पर्वत तलहटी • भोरमदेव महोत्सव
धार्मिक स्थल राजनांदगांव

मां बम्लेश्वरी देवी शक्तिपीठ (डोंगरगढ़)

Maa Bamleshwari Temple

1600 फीट ऊंची मनोरम पहाड़ी पर स्थापित मां बम्लेश्वरी का ऐतिहासिक शक्तिपीठ। 1000 सीढ़ियों के साथ-साथ आधुनिक रोपवे सुविधा उपलब्ध है। चैत्र-क्वार नवरात्र में लाखों श्रद्धालु आते हैं।

• 1600 फीट ऊंची पहाड़ी • रोपवे सुविधा • नवरात्र भव्य मेला • बड़ी व छोटी बम्लेश्वरी
ऐतिहासिक धरोहर महासमुंद

सिरपुर - प्राचीन बौद्ध व शिव धरोहर स्थल

Sirpur World Heritage Site

महानदी के पावन तट पर 7वीं शताब्दी का लाल ईंटों से निर्मित लक्ष्मण मंदिर, आनंद प्रभु कुटी विहार, और गंधेश्वर महादेव मंदिर। चीनी यात्री ह्वेनसांग ने भी सिरपुर की यात्रा की थी।

• 7वीं सदी का ईंट लक्ष्मण मंदिर • बौद्ध विहार व स्तूप • महानदी तट • सिरपुर राष्ट्रीय महोत्सव
धार्मिक स्थल दंतेवाड़ा

मां दंतेश्वरी मंदिर (52 शक्तिपीठ)

Maa Danteshwari Temple

शंखिनी और डंकिनी नदियों के पावन संगम पर स्थित माता सती के 52 शक्तिपीठों में से एक अत्यंत जागृत पीठ। बस्तर संस्कृति और रियासत की कुलदेवी।

• 52 शक्तिपीठों में शामिल • शंखिनी-डंकिनी संगम • काकतीय वंश की कुलदेवी • बस्तर दशहरा केंद्र
वन्यजीव व राष्ट्रीय उद्यान बलौदाबाजार

बारनवापारा वन्यजीव अभयारण्य

Barnawapara Wildlife Sanctuary

245 वर्ग किमी में फैला सघन सागौन व मिश्रित वन क्षेत्र। यहां भारतीय बाइसन (गौर), तेंदुआ, चीतल, सांभर, नीलगाय और 150 से अधिक प्रजातियों के पक्षी स्वच्छंद विचरण करते हैं।

• भारतीय बाइसन (गौर) • नेचर जीप सफारी • घने सागौन वन • इको-टूरिज्म रिसॉर्ट्स

अमृतधारा जलप्रपात

Amritdhara Waterfall

हसदेव नदी पर लगभग 90 फीट की ऊंचाई और 15 फीट चौड़ाई में गिरता मनोरम प्राकृतिक जलप्रपात। पास में ही प्राचीन शिव मंदिर स्थित है जहां महाशिवरात्रि पर मेला लगता है।

• हसदेव नदी प्रपात • महाशिवरात्रि अमृतधारा मेला • प्राकृतिक पिकनिक स्पॉट • घनी पहाड़ियां
वन्यजीव व राष्ट्रीय उद्यान धमतरी

गंगरेल बांध (प. रविशंकर सागर / मिनी गोवा)

Gangrel Dam & Water Sports

महानदी पर बना छत्तीसगढ़ का सबसे लंबा और बड़ा बांध। यहां बोटिंग, स्पीड बोट, वाटर सर्फिंग, वाटर कॉटेज और बरदिहा लेक व्यू रिसॉर्ट पर्यटकों को आकर्षित करते हैं।

• वॉटर स्पोर्ट्स व बोटिंग • अंगारमोती माता मंदिर • वाटर कॉटेज स्टे • महानदी का विशाल पाट
ऐतिहासिक धरोहर बस्तर

कुटुमसर एवं कैलाश गुफाएं

Kotumsar & Kailash Caves

कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित 330 मीटर लंबी चूना-पत्थर की भूमिगत गुफा। यहां स्टैलेक्टाइट व स्टैलेग्माइट की प्राकृतिक शिवलिंग संरचनाएं तथा अंधी मछलियां पाई जाती हैं।

• भूमिगत स्टैलेक्टाइट संरचनाएं • अंधी मछलियां (केम्पिकोला) • प्राकृतिक शिवलिंग • कांगेर घाटी
धार्मिक स्थल गरियाबंद

राजिम - छत्तीसगढ़ का प्रयाग (त्रिवेणी संगम)

Rajim Triveni Sangam

महानदी, पैरी और सोंढुर नदियों का पवित्र त्रिवेणी संगम। 8वीं-9वीं सदी का भव्य राजीव लोचन मंदिर, कुलेश्वर महादेव मंदिर और प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला प्रसिद्ध राजिम कुंभ मेला।

• त्रिवेणी संगम (महानदी-पैरी-सोंढुर) • श्री राजीव लोचन मंदिर • राजिम कुंभ कल्प मेला • कुलेश्वर महादेव
ऐतिहासिक धरोहर कोरबा

चैतुरगढ़ (लाफागढ़ किला) - छत्तीसगढ़ का कश्मीर

Chaiturgarh Hill Fort

समुद्र तल से 3,060 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित प्राकृतिक रूप से सुरक्षित ऐतिहासिक किला। कल्चुरी राजा पृथ्वीदेव प्रथम द्वारा निर्मित मां महिषासुर मर्दिनी का प्राचीन शक्तिपीठ।

• 3060 फीट ऊंची पहाड़ी किला • मां महिषासुर मर्दिनी मंदिर • प्राकृतिक गुफाएं व कुंड • विहंगम प्राकृतिक दृश्य
धार्मिक स्थल मुंगेली

मडकू द्वीप (शिवनाथ नदी का पावन द्वीप)

Madku Dweep Heritage Island

शिवनाथ नदी के बीच 360 एकड़ में फैला शांत एवं मनोरम द्वीप। यहां खुदाई में 10वीं-11वीं शताब्दी के 19 प्राचीन मंदिर और पुरातात्विक धरोहरें प्राप्त हुई हैं।

• शिवनाथ नदी द्वीप • 19 प्राचीन मंदिरों का समूह • मंडूक ऋषि की तपोभूमि • ऐतिहासिक मेला
जलप्रपात कोरबा

केंदई जलप्रपात

Kendai Waterfall

कोरबा-अंबिकापुर मार्ग पर घने वनों और पहाड़ियों के बीच केंदई नदी पर 75 फीट ऊंचा मनोहारी जलप्रपात। रोमांचक प्राकृतिक दृश्यों और पिकनिक के लिए प्रसिद्ध।

• 75 फीट प्राकृतिक प्रपात • घने वन एवं पहाड़ • पिकनिक स्थल • कोरबा-सरगुजा मार्ग
जलप्रपात बस्तर

तामड़ा घूमर एवं मेंद्री घूमर जलप्रपात

Tamra & Mendri Ghoomar Falls

चित्रकोट के समीप 100 फीट से अधिक गहरी विहंगम घाटी में गिरते प्राकृतिक जलप्रपात। बस्तर की शांत, अविरल और अछूती प्राकृतिक सुंदरता का प्रतीक।

• 100 फीट गहरी हरी-भरी घाटी • प्राकृतिक विहंगम व्यू-पॉइंट • चित्रकोट के निकट • फोटोग्राफी स्थल

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