जलप्रपात, सुरम्य हिल स्टेशन, 1000 वर्ष प्राचीन शक्तिपीठ, गुफाएं, राष्ट्रीय उद्यान और ऐतिहासिक धरोहरों की सम्पूर्ण गाइड।
Chitrakote Waterfall
इंद्रावती नदी पर स्थित 95 फीट ऊंचा देश का सबसे चौड़ा (लगभग 300 मीटर) जलप्रपात। घोड़े की नाल के आकार में बहता यह प्रपात बस्तर का सबसे प्रमुख प्राकृतिक आकर्षण है।
Mainpat Hill Station
विंध्य पर्वतमाला पर समुद्र तल से 3,781 फीट की ऊंचाई पर स्थित प्राकृतिक हिल स्टेशन। यहां का उल्टा पानी (जलधारा ऊपर बहना), टाइगर पॉइंट और तिब्बती बौद्ध मठ विख्यात हैं।
Tirathgarh Falls & Kanger Valley
मुनगाबहार नदी पर 300 फीट की ऊंचाई से सीढ़ीदार रूप में गिरता दूधिया जलप्रपात। कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित यह स्थल सघन साल वनों से घिरा है।
Bhoramdeo Ancient Temple
फणी नागवंश के राजा गोपाल देव द्वारा 11वीं शताब्दी में निर्मित नागर शैली का अद्वितीय शिव मंदिर। मैकल पर्वतमाला की तलहटी में स्थित यह उत्कृष्ट स्थापत्य कला का केंद्र है।
Maa Bamleshwari Temple
1600 फीट ऊंची मनोरम पहाड़ी पर स्थापित मां बम्लेश्वरी का ऐतिहासिक शक्तिपीठ। 1000 सीढ़ियों के साथ-साथ आधुनिक रोपवे सुविधा उपलब्ध है। चैत्र-क्वार नवरात्र में लाखों श्रद्धालु आते हैं।
Sirpur World Heritage Site
महानदी के पावन तट पर 7वीं शताब्दी का लाल ईंटों से निर्मित लक्ष्मण मंदिर, आनंद प्रभु कुटी विहार, और गंधेश्वर महादेव मंदिर। चीनी यात्री ह्वेनसांग ने भी सिरपुर की यात्रा की थी।
Maa Danteshwari Temple
शंखिनी और डंकिनी नदियों के पावन संगम पर स्थित माता सती के 52 शक्तिपीठों में से एक अत्यंत जागृत पीठ। बस्तर संस्कृति और रियासत की कुलदेवी।
Barnawapara Wildlife Sanctuary
245 वर्ग किमी में फैला सघन सागौन व मिश्रित वन क्षेत्र। यहां भारतीय बाइसन (गौर), तेंदुआ, चीतल, सांभर, नीलगाय और 150 से अधिक प्रजातियों के पक्षी स्वच्छंद विचरण करते हैं।
Amritdhara Waterfall
हसदेव नदी पर लगभग 90 फीट की ऊंचाई और 15 फीट चौड़ाई में गिरता मनोरम प्राकृतिक जलप्रपात। पास में ही प्राचीन शिव मंदिर स्थित है जहां महाशिवरात्रि पर मेला लगता है।
Gangrel Dam & Water Sports
महानदी पर बना छत्तीसगढ़ का सबसे लंबा और बड़ा बांध। यहां बोटिंग, स्पीड बोट, वाटर सर्फिंग, वाटर कॉटेज और बरदिहा लेक व्यू रिसॉर्ट पर्यटकों को आकर्षित करते हैं।
Kotumsar & Kailash Caves
कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में स्थित 330 मीटर लंबी चूना-पत्थर की भूमिगत गुफा। यहां स्टैलेक्टाइट व स्टैलेग्माइट की प्राकृतिक शिवलिंग संरचनाएं तथा अंधी मछलियां पाई जाती हैं।
Rajim Triveni Sangam
महानदी, पैरी और सोंढुर नदियों का पवित्र त्रिवेणी संगम। 8वीं-9वीं सदी का भव्य राजीव लोचन मंदिर, कुलेश्वर महादेव मंदिर और प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला प्रसिद्ध राजिम कुंभ मेला।
Chaiturgarh Hill Fort
समुद्र तल से 3,060 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित प्राकृतिक रूप से सुरक्षित ऐतिहासिक किला। कल्चुरी राजा पृथ्वीदेव प्रथम द्वारा निर्मित मां महिषासुर मर्दिनी का प्राचीन शक्तिपीठ।
Madku Dweep Heritage Island
शिवनाथ नदी के बीच 360 एकड़ में फैला शांत एवं मनोरम द्वीप। यहां खुदाई में 10वीं-11वीं शताब्दी के 19 प्राचीन मंदिर और पुरातात्विक धरोहरें प्राप्त हुई हैं।
Kendai Waterfall
कोरबा-अंबिकापुर मार्ग पर घने वनों और पहाड़ियों के बीच केंदई नदी पर 75 फीट ऊंचा मनोहारी जलप्रपात। रोमांचक प्राकृतिक दृश्यों और पिकनिक के लिए प्रसिद्ध।
Tamra & Mendri Ghoomar Falls
चित्रकोट के समीप 100 फीट से अधिक गहरी विहंगम घाटी में गिरते प्राकृतिक जलप्रपात। बस्तर की शांत, अविरल और अछूती प्राकृतिक सुंदरता का प्रतीक।
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